Giridhar Kaviray ki Kundaliya - CBSE Class 7 Hindi Notes

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Chapter Study Guide & Summary

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Key Concepts & Syllabus Topics

Important Definitions & Terminology

Giridhar Kaviray ki Kundaliya Overview
The central theme and foundational concept covered in Class 7 Hindi Chapter 6, emphasizing conceptual clarity, NCERT curriculum alignment, and exam readiness.
NCERT Curriculum Alignment
Structured study material adhering strictly to CBSE board guidelines, learning objectives, and standardized assessment criteria for Class 7.
Active Recall & Revision
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Quick Revision & Key Points

Full NCERT Chapter: Giridhar Kaviray ki Kundaliya

गिरिधर कविराय की कुडलिया

(1)

बिना बिचारे जो कर सो पाछे पछिताय। काम बिगारे आपनो जग में होत हँसाय॥ जग में होत हसाय चित्त में चैन न पावै। खान पान सन्मान राग रंग मनहिं न भावै॥ कह गिरिधर कविराय दुःख कछु टरत न टारे। खटकत है जिय माहिं कियो जो बिना बिचारे॥ बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुध जो बनि आवै सहज में ताही में चित देइ॥ ताही में चित देई बात जोई बनि आव दुर्जन हंसै न को चित्त में खता न पावै॥ कह गिरधर कविराय यहै करु मन परतीती। आगे को सुख होई समुझ बीती सो बीती॥ गिरिधर कविराय

कवि से परिचय

अठारहवीं सदी मे जन्मे गिरिधर कवराय को उनकी लोकप्रचलित कुडलियों के लिए याद किया जाता है उनकी रचनाओं में बहुत से ऐसे नीतिपरक पद मिलतेहैंजिन्हें अक्सर कहावत के रू में सुना जाता है जैसा कि अभी आपने पढ़ा—"बिना बिचारे जो करे सो पाछे पछिताय" या "बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि लेडा!" उनकी कविताएँ जन-मानस में इतनी प्रसिद् है कि लोग उनका कहावतों की तरह उपयोग करते हैं उन्होंने अपनी कविताओं में लाठी जैसी वस्तु के उपयोग भी बताएँ और यह भी बताया कि धन अधिक हो जाए तो क्या करना चाहिए। अपनी रचनाओं में लोकनीत या घर-गृहस्थी के साधारण लोक बव्यवहार की बातें सीधे और सरल शब्दोंमें कहने के लिए भी वे जाने जाते हैं।

पाठ से

आइए, अब हम इन कुडलियों पर विस्तार से चर्ा करे। आगे दी गई गतिविधियाँ इस कार्यमें आपकी सहायता करेंगी।

मेरी समझ से

(क) पाठ के आधार पर नीचे दिए गए प्र्नों का सही उत्तर कौन-सा है? उसके सामने तारा () बनाइए। कुछ प्रशनो के एक से अधिक उत्तर भी हो सकते हैं। 0 A

(1) "बिना बिचारे'" काम करने के क्या परिणाम होते हैं • दसरों से प्रशंसा मिलती है। 0 मन में शांति बनी रहती है। • अपना काम बिगड़ जाता है। • खान-पान सम्मान मिलता है। (2) "चित में चैन"' न पा सकने क मुख्य कारण क्या है? • प्रयास करने पर भी टाला न जा सकने वाला दुख • बिना सोचे-समझे किए गए कार्य की असफलता • खान-पान, सम्मान और राग-रंग का अभाव • दुनिया द्वारा की जाने वाली निंदा और उपहास (

  1. "बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि ले" पंक्त द्ारा कौन-सी सलाह दी गई है?

• भविष्य की सफलता के लिए अतीत की गलतियों से सीखने की • अतीत की असफलताओं को भूलकर भविष्य पर ध्यान देने की • अतीत और भविष्य दोनों घटनाओं को समान रूप से याद रखने की 0 अतीत और भविष्य दोनों को भूलकर केवल वर्तमान में जीने की (4) "जो बनि आवै सहज में ताही में चित दे" पंक्त का क्या अर्थ है?

• हमें कठिनाइयों और चुनौतियों से बचना चाहिए • हमे आराम की तलाश करने में मन लगाना चाहिए। • हमें असंभव और कठिन कायों पर ध्यान देना चाहिए • हमें सहज जीवन पर ध्यान देना चाहिए।

(ख) हो सकता है कि आपके समूह के साथियों ने अलग-अलग उत्तर चुने हों अपने मित्ों के साथ चर्चा कीजिए कि आपने ये उत्त ही क्यो चुन?

पंक्तियों पर चर्चा

पाठ में से चुनकर कुछ पंक्तयाँ नीचे दी गई हैं न्हे ध्यान से पढिए और इन पर विचार कीजिए। आपको इनका क्या अर्थ समझ में आया? अपने विचार अपने समूह में साझा कीजिए और लिखिए।

(क) "बिना बिचारे जो कर सो पाछे पछिताय। काम बिगारे आपनो जग में होत हँसाय॥"
(ख) "बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि ले। जो बनि आवै सहज में ताही में चित देइा"

मिलकर करें मिलान

नीचे स्तंभ 1 में कुछ पंक्तियाँ दी गई हैं उनसे संबंधित अर्थ वाली स्तंभ 2 की पंक्तयों से उनका मिलान कीजिए—

स्तंभ 1

स्तंभ 2

  1. जग में होत हसाय चित्त में चैन न पावै। खान पान सन्मान राग रंग मनहिं न भावै॥
  2. कह गिरिधर कविराय दुख कछु टरत न टार। टकत है जिय माहिं कियो जो बिना बिचारे॥
  3. ताही में चित देई बात जोई बनि आवै। दर्जन हँसे न कोई चित् में खता न पावै॥
  4. कह गिरधर कविराय यहै करु मन परतीती। आगे को सुख होई समुझे बीती सो बीती॥
    1 जो कार्य बिना विचार किए किया जाता है, वह लंबे समय तक मन में खटकता रहता है और उसकी पीड़ा से छुटकारा पाना मुश्किल होता है।
    २. बिना विचार के किए गए कार्य के कारण मन अशांत रहता है। अच्छा खान-पान, सम्मान या जीवन की खुशियाँ भी उस व्यक्ति को सुख नहीं दे पारतीं।
  5. अपने मन को इस बात पर विश्वास करना सिखाओ कि भविष्य की खुशी को समझते हुए अतीत के दुखों को भुलाकर आगे बढ़ना चाहिए
    4.ऐसे कार्य कीजिए कि किसी बरे व्यक्त को हँंसने का मौका न मिले और मन में किसी प्रकार का दोष या अपराधबोध न हो।

सोच-विचार के लिए

पाठ को एक बार पुन: पदढिए, पता लगाइए और लिखिए

(क) "बिना बिचारे जो करे सो पाछे पछिताय।" कविता में बिना विचार किए कार्य करने के क्या नुकसान बताए गए हैं?
(ख) "बिना बिचारे जो करे सो पाछे पछिताय।" कंड़लिया में जो बाते सैंकड़ों साल पहले कही गई थीं, क्या वे आपके लिए भी उपयोगी हैं? कैसे? उदाहरण देकर समझाइए।
(ग)"खान पान सन्मान राग रंग मनहिं न भावै।" इस पंक्त में रेखांकित शब्दों के अर्थ शब्दकोश से देखकर लिखिए। प्तयेक के भी दीजिए

अनुमान और कल्पना से

अपने समूह में मिलकर चर्चा कीजिए

(क) आपने पढ़ाहै कि "बिना बिचारे जो करै सो पाछे पछिताय.." कल्पना कीजिए कि आपके एक मित्र ने बिना सोचे-समझे एक बड़ा निर्णय लिया है। वह निर्णय क्या था और उसका क्या प्रभाव पड़ा? इसके बारे में एक रोचक कहानी अपने साथियोंके साथ मिलकर बनाइए और क्ष मेंप्र्तुत कीजिए।

(ख) कल्पना कीजिए कि "बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि ले.." कविता निम्नलिखित के लिए लिखी गई है—

• आप
• आपका कोई सहपाठी
• आपका कोई परिजन
• आपके कोई शिक्षक
• कोई पक्वी
• कोई पशु इनकी कौन-कौन सी समस्याएँ होंगी? यह कविता उन्हें कैसे ्रेरित करेगी?

(ग) कल्पना कीजिए कि आप एक ऐसे व्यक्त से मिले हैं जो हमेशा बीती बातों में खोया रहता है आप उसे समझाने के लिए क्या-क्या कहेंग?

शब्द से जुड़े शब्द

नीचे दिए गए रिक्त स्थानोंमें चित्त या 'मन' से जु़े शब्द कुंडलियोंमें स चुनकर लिखिए

कविता की रचना

"बिना बिचारे जो कर सो पाछे पछिताय। काम बिगारे आपनो जग में होत हंसाय॥।"

"बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि ले जो बन आवे सहज में ताही में चित दे॥"

इन पंक्तयों को लय के साथ बोलकर देखिए। इन्हें बोलने में बराबर समय लगा या अलग? आपने ध्यान दिया होगा कि इन पंक्तियों को बोलन में बराबर समय लगता है। इस कारण इन कुंडलियों की सुंदरता बढ़ गई है।

आप ध्यान देंगेतो इन कुडलियोंमें आपको ऐसी अनेक विशेषताएँ दिखाई देंगी। जैसे प्र्येक कुडलिया का पहला या दूसरा शब्द उसका अंतिम शब्द भी है। दो-दो पंक्तयों में ातें कही गई हैं कंडलिया पढ़ते हुए ऐसा लगता है मानो कोई हमसे संवाद या बातचीत कर रहा है आदि कुछ विशेषताएँ आपको दोनों कुडलियो में दिखाई देंगी, कुछ विशेषताएँ दोनों में से किसी एक में दिखाई देंगी।

(क) अब आप पाठ में दी गई दोनों कुंडलियों को ध्यान से देखिए और अपने-अपने समूह ें मिलकर इनकी विशेषताओं की सूची बनाइए। अपने समूह की सूची को कक्ा में सबके साथ साझा कीजिए

जो विशेषताएँ दोनों कंडलियों में है

जो विशेषताएँकिसी एक कुंडलिा मे हैं

(ख) नीचे एक स्तंभमेंकविता की पंक्तियों की कुछ विशेषताएँ दी गई हैं और उनसे संबंधित पंक्तिा दूसरे स्तंभ में दी गई हैं कविता की विशेषताओं का सही पंक्तियों से मिलान कीजिए—

कविता की विशेषताएँ

कविता की पंक्तियाँ

  1. पंक्ति के अंतिम शब्द की ध्वनि आपस में मिलती-जुलती है।
  2. कवि के नाम का उल्लेख किया गया है
  3. एक-दूसरे के विपरीत विचार एक साथ आए हैं।
  4. एक ही वर्ण से शुरू होने वाले एक से अधिक शब्द एक ही पंक्त में आएँहैं।

1.कह गिरिधर कविराय यहै करु मन परतीती॥ २. ताही में चित देई बात जोई बनि आवै। दर्जन हँसे न कोई चित्त में खता न पावै॥ . बिना बिचारे जो करै सो पाछे पछिताय। 4.बीती ताहि बिसारि दे आगे की सुधि लेई

(संकेत—आप कविता की पंक्तिों मे कुछ और विशेषताएँ भी खोज सकते हैं)

काल से जुड़े श शब्द

"बीती ताहि बिसार दे आगे की सुधि लेइ"

इस वाक्य में 'बीती' शब्द अतीत यानी 'भूतकाल' के कायों को व्यक्त कर रहा है और 'आगे' शब्द भविष्य' के कायों को व्यक्त कर रहा है। इसी प्रकार 'वर्तमान' समय में होने वाले कायों को 'आज' जैसे शब्दों

से व्यक्त किया जा सकता है रोचक बात यह है कि अनेक शब्दों का प्रयोग बीते हुए समय, आने वाले समय और वर्तमान समय को बताने वाले, तीनो प्रकार के वाक्यों में किया जा सकता है।

(क) नीचे कुछ शब्द दिए गए हैं इनका प्रयोग करते हुए तीनो प्रकार के 'काल' व्यक्त करने वाले तीन-तीन वाक्य बनाइए—

भूतकालवर्तमान कालभविष्य काल
कलआजकल
परसोंअभी-अभीपरसों
पहलेअबअगले दिन/साल/महीने
पिछलाहमेशाआगामी (आने वाले समय में)
बीते हुएआजकलजल्दी ही

(ख) आपने जो वाक्य बनाए हैं उ्हेंध्यान से देखिए। पहचानिए कि इन वाक्योंमें किन शब्दों से पता चल रहा है कि वाक्य में कार्य भूतकाल में हुआ, वर्तमान काल में हुआ है या भविष्य काल में होगा? वाक्यो में उन शब्दों को रेखांकित कीजिए

पाठ से आगे

आपकी बात

(क) "खटकत है जिय माहिं कियो जो बिना बिचारे।" का अर्थहै बिना सोचे किए गए कार्य मन में चुभते रहते हैं' क्या आपने कभी ऐसा अनुभव किया है? उस घटना को साझा कीजिए

(ख) "बीती ताहि बिसार दे आगे की सुधि लेइ!" का अर्थहै 'अतीत को भूलना और भविष्य पर ध्यान देना चाहिए' क्या आप इस बात से सहमत हैं? क्यों? उदाहरण देकर समझाइए।

(ग) पाठमें दी गई दो कुंडलियों के आधार पर आप अपने जीवन में कौन-कौन से बदलाव लाना चाहेंगे?

(घ)"खान पान सन्मान राग रंग मनहिं न भावै।"

इस पंक्त में खान-पान, सम्मान और राग-रंग अच्छा न लगने की बात की गई है। आप इसमे से किसे सबसे आवश्यक मानते हैं? अपने उत्तर के कारण भी बताइए।

हँसी

"जग में होत हंसाय"

(क) कभी-कभी लोग दूसरों की गलतियों पर ही नहीं उनके किसी भी कार्य पर हूँस देते हैं अपने समूह के साथ मिलकर ऐसी कुछ स्थितियों की सूची बनाइए, जब किसी को आप पर या आपको किसी पर हँसी आई हो।

(ख) ऐसी दोनों स्थितियोंमें आपको कैसा लगता है और दूसरों को कैसा लगता होगा?

(ग) सोचिए कि कोई व्यक्त आपकी किसी भूल परहँस रहा है। ऐस में आप क्या कहेंे या क्या करेंगे ताकि उसे एहसास हो जाए कि इस बात पर हँंसना ठीक नहीं है?

साच-समझकर

"बिना बिचारे जो करे सो पाछे पछिताय।"

(क) आज के समय में कुछ लोग जल्दी में कार्य कर देते हैं या जल्दीमें नरणय ले लेते हैं कुछ ऐसी स्थितियाँ बताइए जहाँ जल्दबाजी में निर्णय लेना या कार्य करना हानिकारक हो सकता है।

(ख) मान लीजिए कि आपको या आपके किसी परिजन को नीचे दिए गए संदेश मिलते हैं ऐसे में आप क्या करेंगे?

संदेश आप करें
1.आपका बैंक खाता बंद होने वाला है। ओ.टी.पी. किसी को न दें। तुरंत कॉल काट दे। अपने बैंक सेसंपर्क करें।
2.बधाई हो! आपने 10 लाख रुूपये की लॉटरी संदिग्ध वेबसाइट पर कोई भुगतान (पेमेंट) न करे। ऐसी वेबसाइटजीती है। सत्यापन के लिए ₹ 5000 इस नंबर पर को साइबर ्राइम सेल मेंरिपोर्ट करें।अभी भेज दें।
3.गलती से आपके नंबर पर ₹ 1000 का रिफंड किसी अनजान को पैसा न भेजे। अपने बैंक ऐप में सभी लेन-देनभेजा है कृपया रिफंड वापस भेज दें। की जाँच करें यदि पैसा कट गया है तो तुरंत बैंक को सूचित के।
4.आपका सिम का्ड बंद होने वाला है। के.वाई.सी. इस प्रकार के कॉल को तुरंत काट दें बैंक से सीधे संपर्क करें। फोनअपडेट करने के लिए हमें आधार और पैन की पर आधार या पैन या कोई व्यक्तगत जानकारी साझा न करें।फोटो भेजे।
5.आपके मनपसंद मोबाइल पर 70 प्रतिशत तक की संदिग्ध छूट वाले या मुफ्त वाले झासे में न फँसे। लिक पर क्लकछूट, ऑफर खत्म होने से पहले यहाँ पेमेंट करेंन करें।
6.मै तुम्हारा चाचा बोल रहा हूं ट्रनमें फंसा हूं तुरंतव्यक्त की पहचान की पुष्ट करे, तुरंत पैसेट्रांसफर न करे। परिवार₹5000 इस नंबर पर भेज दो। के अन्य सदस्यों से बात करें।
7.इस ऐप को डाउनलोड करें और ₹ 1000 का कैशबैक पाएँकिसी अनजानी वेबसाइट से कोई ऐप डाउनलोड न करें। ऐप की समीक्षा और रेटिंग की जाँच करें संदिग्ध ऐप को फोन आदि से हटा दे।
8.यहाँ मुफ्त गिफ्ट पाने का मौका है। इस लिक पर कि्लक करें और जानकारी दर्ज करें।किसी संदिगध ऐड (विज्ञापन) पर क्लक न करें। अपने ब्राउजर मे पॉप-अप ब्लॉकर चालू करें।
9.आपको बिना गारंटी के तुरंत ₹50,000 का ऋण मिल सकता है। अभी प्रोसेसिंग फीस भरें।केवल अधिकृत बैंकों से संपर्क करे। ऋण मंजूरी फीस के नाम पर किसी को पैसा न भेजे। साइबर क्राइम सेल में 1930 नंबर पर सूचित करें।
10.इस लिक पर क्लिक करें और ₹ 100 का फ्री मोबाइल रिचार्ज पाएँ।ऐसी किसी भी लॉटरी पर भरोसा न के। इसके विषय में साइबर सेल को सूचित करें।
11.है। इसे तुरंत अपडेट करने के लिए पिन बताएँ।आपके ए.टी.एम. काईड की वैधता समाप्त हो रहीए.टी.एम. का्ड की जानकारी किसी के साथ साझा न करे। बैंक के असली उपभोक्ता सहायता फोन नंबर पर संपर्क करें ए.टी.एम. पिन तुरंत बदलें।
12.आपका पेमेंट फँसा हुआ है। इसे रिंफंड करने के किसी अज्ञात व्यक्त के भेजे क्यू.आर. कोड को स्कैन न करें। लिए ये क्यू.आर. कोड स्कैन करें किसी संदिध गतिविधि को तुरंत बैंक और पुलिस को रिपोर्ट करें

* राष्ट्रीय साइबर क्राइम रिपोरटिं पोर्टल https://cybercrime.gov.in

(ग)नीचे कुछ स्थितियाँ दी गई हैं इन स्थितियो में बिना सोचे-समझे कार्य करने या निर्िय लेने के क्या परणाम हो सकते हैं—

• सोशल मीडिया पर झूठा संदेश या असत्य समाचार पर भरोसा करके उसे सबको भेज दिया।

• जल्दबाजी मे बिना हेलमेट के बाइक चलाने पर पुलिस ने चालान काट दिया

• बिना माता-पिता से पूछे आऑनलाइन गेम पर पैसे खर्च कर दिए।

आज की पहेली

"खान पान सन्मान"

इस पंक्त के तीनों शब्दोंमे केवल एक मात्ा का बार-बार उपयोग किया गया है (आ की मात्रा)

ऐसे ही दो वाक्य नीचे दिए गए है जिसमें केवल एक मात्ा का उपयोग किया गया है—

नीली नदी धीमी थी

चींटी चीनी जीम गई।

अब आप इसी प्रकार के वाक्य अलग-अलग मात्राओं के लिए बनाइए। ध्यान रहे, आपके वाक्यों का कोई न कोई अर्थ होना चाहिए। आप एक वाक्य में केवल एक मात्रा को बार-बार या बिना मात्रा वाले शब्दों का ही उपयोग कर सकते हैं।

मात्रा वाक्यआ
Cए

खोजबीन के लिए

आपने इस पाठ में गिरिधर कविराय की कुंडलिया "बिना विचारे जो कौै.." को पढ़ा। अब आप नीचे दी गई इंटरनेट कड़ी का प्रयोग करके एक अन्य कहानी "बिना विचारे करो न काम" सुन सकते हैं

बिना विचारे

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